भारतीय वायुसेना – Indian Air Force in Hindi

68 air

भारतीय वायुसेना (इंडियन एयरफोर्स)

भारतीय सशस्त्र सेना का एक अंग है जो वायु युद्ध, वायु सुरक्षा, एवं वायु चौकसी का महत्वपूर्ण काम देश के लिए करती है। इसकी स्थापना ८ अक्तूबर, १९३२ को की गयी थी। आजादी (१९५० में पूर्ण गणतंत्र घोषित होने) से पूर्व इसे रॉयल इंडियन एयरफोर्स के नाम से जाना जाता था और १९४५ के द्वितीय विश्वयुद्ध में इसने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। आजादी (१९५० में पूर्ण गणतंत्र घोषित होने) के पश्च्यात इसमें से “रॉयल” शब्द हटाकर सिर्फ “इंडियन एयरफोर्स” कर दिया गया

भारतीय सेना बदलाव के दौर में है। यह बदलाव बड़े पैमाने पर आधुनिकीकरण और नए उपकरण शामिल करने तक सीमित नहीं हैं बल्कि प्रभावी रोजगार में सैद्धांतिक बदलाव का भी है. वायुसेना आज एक पीढ़ी आगे है और इसने आधुनिक युद्ध क्षमताएं हासिल कर ली हैं। इस बीच देश और देश से बाहर बहुत से अंतरराष्ट्रीय अभ्यासों और मिशन दोनों में सर्वोच्च प्रदर्शनों से अपनी पेशेवर धाक बढ़ाना जारी रखा है।

भारतीय वायु सेना ने अति आधुनिक एसयू-30 एमकेआई एयरक्राफ्ट शामिल किया है। 20 हॉक एजेटी एयरक्राफ्ट भी शामिल किए गए हैं। विशेष अभियानों के लिए सी-130 जे-30 एयरक्राफ्ट प्राप्त करने केलिए अमेरिकी सरकार के साथ निविदा पर हस्ताक्षर किए गए हैं. आक्रमण और रक्षा दोनों में प्रभावी बढ़ोतरी के लिए हवाई चेतावनी और नियंत्रण प्रणाली (अवाक्स) प्राप्त की जा रही है। इसके शामिल होने से सामने आने वाली परिस्थितियों में बल प्रलंबता क्षमताओं में भी बढ़ोतरी होगी.

भारतीय वायुसेना के विशेष कार्य:-

  • द्वितीय विश्वयुद्ध (१९३९-१९४५)
  • आज़ादी के बाद के शुरूआती वर्ष (१९४७-१९५०)
  • कौंगो युद्ध व गोवा मुक्ती संग्राम (१९६०-१९६१)
  • बांग्लादेश मुक्ति युद्ध (१९७१)
  • कारगिल युद्ध
    Don't be shellfish...FacebookGoogle+TwitterEmail
  • You may also like...

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <strike> <strong>